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अहमदाबाद/सानंद: दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक कार कंपनी टेस्ला (Tesla) ने आखिरकार भारतीय बाजार में धमाकेदार एंट्री कर ली है। टेस्ला के सीईओ एलन मस्क (Elon Musk) ने आज गुजरात के सानंद में भारत की पहली 'गीगाफैक्ट्री' (Gigafactory) का उद्घाटन किया। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी मौजूद थे। यह फैक्ट्री सालाना 5 लाख कारों का उत्पादन करेगी।
'मॉडल 2' - भारत के लिए खास कार
मस्क ने भारतीय मध्यम वर्ग को ध्यान में रखते हुए टेस्ला की सबसे किफायती कार 'Model 2' को भी शोकेस किया, जिसकी कीमत 20 लाख रुपये से शुरू होगी। यह कार एक बार चार्ज करने पर 450 किलोमीटर तक चलेगी। मस्क ने कहा, "भारत अब सस्टेनेबल एनर्जी के भविष्य का नेतृत्व करने के लिए तैयार है। टेस्ला इंडिया, मेक इन इंडिया, फॉर द वर्ल्ड होगी।"
टाटा और महिंद्रा को चुनौती
टेस्ला की एंट्री से भारतीय ऑटो सेक्टर में खलबली मच गई है। टाटा मोटर्स और महिंद्रा के लिए यह बड़ी चुनौती मानी जा रही है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि इससे पूरे ईवी (EV) इकोसिस्टम, जैसे चार्जिंग स्टेशन और बैटरी निर्माण को बढ़ावा मिलेगा। फैक्ट्री से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से 1 लाख नौकरियां पैदा होने की उम्मीद है।