तिरुवनंतपुरम: भीषण गर्मी से जूझ रहे देशवासियों के लिए राहत की खबर है। दक्षिण-पश्चिम मानसून (Southwest Monsoon) ने अपने निर्धारित समय से थोड़ा पहले, 5 जून को केरल के तट पर दस्तक दे दी है। केरल के कई हिस्सों में झमाझम बारिश शुरू हो गई है, जिससे तापमान में गिरावट आई है और किसानों के चेहरों पर मुस्कान लौट आई है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इस साल 'सामान्य से अधिक' (Above Normal) बारिश की भविष्यवाणी की है। इसका कारण प्रशांत महासागर में ला नीना (La Nina) की स्थिति का बनना है, जो भारतीय मानसून के लिए अनुकूल माना जाता है।
मानसून के अगले 10 दिनों में महाराष्ट्र और कर्नाटक पहुंचने की उम्मीद है। दिल्ली और उत्तर भारत में जून के अंतिम सप्ताह तक बारिश पहुंचने की संभावना है। खरीफ की फसलों (धान, सोयाबीन) के लिए यह मानसून बेहद महत्वपूर्ण है।