
नई दिल्ली, 31 जनवरी 2026: वित्त वर्ष 2026-27 के बजट की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। वित्त मंत्रालय ने संकेत दिया है कि इस बार के बजट में स्टार्टअप्स और नवाचार को विशेष प्रोत्साहन दिया जाएगा। डिजिटल अर्थव्यवस्था, हरित ऊर्जा और बुनियादी ढांचे को भी प्राथमिकता दी जाएगी। इसका उद्देश्य आर्थिक विकास को गति देना और रोजगार सृजन करना है।
स्टार्टअप्स के लिए टैक्स छूट, आसान ऋण सुविधाएं और रेगुलेटरी सुधारों की घोषणा की जा सकती है। इसके अलावा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए कृषि और MSME सेक्टर के लिए विशेष पैकेज की उम्मीद है। वित्त मंत्री ने विभिन्न हितधारकों से सुझाव लिए हैं ताकि बजट समावेशी और विकासोन्मुख हो।
अर्थशास्त्रियों का मानना है कि इस बजट से भारत की अर्थव्यवस्था को वैश्विक मंदी के बावजूद स्थिर रखा जा सकता है। स्टार्टअप इकोसिस्टम को मजबूत करने से न केवल नवाचार बढ़ेगा, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। यह बजट भारत के आत्मनिर्भर और सशक्त भविष्य की नींव रखेगा।